गन्ना रस क्यों नहीं पीता मैं!?
-
वैसे तो मेरे शहर, भिलाई में जनवरी का माह बीतते बीतते गन्ना रस के अस्थाई
ठिकाने सज जाते हैं लेकिन इस बार कुछ देर हुई इनके दिखने में। होली के दो दिन
पहले ऑफ़ि...
Sunday, October 30, 2011
Subscribe to:
Post Comments (Atom)














6 comments:
बडे हो गए हो तुम .. छठ की शुभकामनाएं !!
प्रिय माधव छठ पूजा के वे गीत मन में बसे हुए हैं जब मै कभी पटना कोडरमा और हजारीबाग में रहा करता था ....ढेर सारी हार्दिक शुभ कामनाये आप और आप के सपरिवार को .सूर्य भगवान् जीवन में रौशनी भर दें .पता नहीं कैसे मै अभी तक इस ब्लॉग से दूर रहा ..अति सुन्दर ...
भ्रमर ५
बाल झरोखा सत्यम की दुनिया
http://surenrashuklabhramar5satyam.blogspot.com
आपको भी शुभकामनाएं ...
कल 09/11/2011 को आपकी यह पोस्ट नयी पुरानी हलचल पर लिंक की जा रही हैं.आपके सुझावों का स्वागत है।
धन्यवाद!
शुभकामनाएँ माधव।
आजकल तुम्हारा हेयर स्टायल भी बहुत बढ़िया हो रहा है!
माधव ! कहाँ गायब हो गए आजकल.
Post a Comment